कारण बताओ नोटिस और वसूली संबंधी निर्देशों को चुनौती देते हुए अर्पित बंजारे और अन्य अभियंताओं ने हाईकोर्ट में याचिका दायर की। उनकी ओर से अधिवक्ता सिबाशीष मिश्रा के माध्यम से मामला प्रस्तुत किया गया। सुनवाई न्यायमूर्ति बी.डी. गुरु के समक्ष हुई। याचिकाकर्ताओं की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता मतीन सिद्दीकी और अधिवक्ता जैनब मुस्तफा वनक ने पक्ष रखा।